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बुधवार, 10 अक्तूबर 2012

परिचय - अरुण चन्द्र रॉय



  • जन्म तिथि: ३०.०९. १९७४
  • जन्म स्थान : ग्राम रामपुर, जिला : मधुबनी , बिहार
  • मधुबनी जिले के एक छोटे से गाँव रामपुर में जन्म हुआ । प्रारंभिक शिक्षा गाँव के प्राथमिक विद्यालय में हुई । बाद में धनबाद (अब झारखण्ड में) में रहना हुआ । डी0 ए0 वी0 स्कूल से १०+२ ।
  • धनबाद के पी0 के0 राय स्मृति कालेज से ग्रैजुएशन 
  • विनोबा भावे विश्विद्यालय हज़ारीबाग से अँग्रेज़ी साहित्य में स्नातकोत्तर स्वर्ण मेडल लेकर पास किया ।
  • ललित नारायण मिथिला विश्वविद्यालय के वाणिज्य विभाग से एम0 बी0 ए0 (फाइनांस) स्वर्ण मेडल के साथ उत्तीर्ण किया ।
  • दिल्ली के भारती विद्याभवन से जनसंचार एवं पत्रकारिता में पोस्ट ग्रैज़ुएट डिप्लोमा पास किया । कालेज में प्रथम स्थान प्राप्त किया .
  • पोंडिचेरी विश्वविद्यालय से हिंदी साहित्य में एम ए . 
  • स्थानीय पत्र-पत्रिकाओं में कविताओं का नियमित प्रकाशन एवं स्थानीय कवि सम्मेलनों में भाग लेते रहे ।
  • कई महत्त्वपूर्ण लघु पत्रिकों जैसे हंस, कादम्बिनी, कतार, स्वाति, और समाचार पत्र जैसे आवाज़, जनमत, प्रभात खबर, दैनिक प्रभात, दैनिक जागरण आदि में कविता, आलेख का प्रकाशन.
  • रेडियो के लिए विभिन्न प्रायोजित कार्यक्रमों जैसे पोषण और स्वास्थय, आँखे हैं अनमोल के सौ से अधिक एपिसोडों का लेखन
  • भीष्म साहिनी का नाटक "कविरा खड़ा बाज़ार में " का रेडियो रूपांतरण. 
  • लगभग बीस विज्ञापन फिल्मो का स्क्रिप्ट लेखन और निर्देशन.
  • सैकड़ो प्रिंट विज्ञापन का लेखन और मुद्रण 
  • देश के सभी बड़े ब्रांडों जैसे टी वी एस, एयरटेल, आई सी आई सी आई, पल्स पोलियो अभियान, एस बी आई, बी एस एन एल, एम टी एन एल,  गेल इण्डिया, ड़ी एल ऍफ़, के लिए विज्ञापन लेखन
  • बी एस एन एल का brand logo का निर्माण, एम टी एन एल के कई टेलीफोन उत्पादों का ब्रांड नामाकरण जैसे एम टी एन एल डालफिन, एम टी एन एल ट्रंप
  • दिल्ली एडवरटाईजिंग  कल्ब से बेस्ट कापी राइटर का तीन बार पुरस्कार - २०००, २००१ और २००३ 
  • बाबा बटेसरनाथ उपन्यास को आधार बना कर लिखी एक कविता को जब स्वयं बाबा नागार्जुन ने पढ़ा तो उन्होंने कुछ इस तरह टिप्पणी की "अरुण तुम्हारी यह कविता मुझे उद्वेलित कर रही है. कभी सुविधानुसार तुम मेरे साथ एक सप्ताह रहो।"
  •  पुस्तकें प्रकाशित : बच्चो के लिए अंग्रेजी कविता की पुस्तक 'रन फन एन्जॉय' , प्रबंधन पर एक पुस्तक "मैनेजमेंट एंड लीडरशिप थाट्स", रियल एस्टेट पर शोधात्मक पुस्तक - "रियल एस्टेट इन्वेस्टमेंट सिनारियो इन इण्डिया"
  • प्रकाशनाधीन पुस्तकें : कविता संग्रह "प्रश्न काल", समसामयिक विषय पर पुस्तक  "विश्व के बड़े नाभकीय हादसे", "भारत में भूख", "प्लास्टिक की रंगीन दुनिया और पर्यावरण" , हिंदी कहानी संग्रह "नो मैन्स लैंड"
  • भारत सरकार में वरिष्ठ अनुवादक ।

23 टिप्‍पणियां:

  1. ek behtareen vyaktitva ke swami... mere kuchh rachnao ke liye sir ne tips di thi... yaad hai na Arun jee:)

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  2. अभी तक अरूण जी को उनकी रचनाओं के माध्‍यम से ही जाना था, आज परिचय पर उनके बारे में विस्‍तार से जानने का अवसर मिला ... आभार आपका इस प्रस्‍तुति के लिए .. अरूण जी को समस्‍त उपलब्धियों के लिए बहुत-बहुत बधाई

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  3. कुछ तो जानकारी थी मगर आज आपके माध्यम से अरुण जी के बारे मे विस्तृत जानकारी प्राप्त हुई…………हार्दिक आभार्। कितने टेलेन्टिड लोग हमारे बीच हैं मगर पूरी जानकारी के बिना हम उनके बारे मे अनभिज्ञ ही रहते हैं।

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  4. बल्‍ले बल्‍ले. अच्‍छा लगा मि‍ल कर.

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  5. अरुण जी से मिल कर बहुत अच्छा लगा..यह जान कर और भी अच्छा लगा कि इतने टेलेन्टिड लोग हमारे बीच हैं ,जिनकी रचनाओ को हमें निरंतर पढ़ने का अवसर मिला करता हैं..आभार

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  6. वाह एक अलग रूप मे जान पहचान हुई आज इनसे ... आभार दीदी !


    विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस पर देश के नेताओं के लिए दुआ कीजिये - ब्लॉग बुलेटिन आज विश्व मानसिक स्वास्थ्य दिवस पर पूरी ब्लॉग बुलेटिन टीम और पूरे ब्लॉग जगत की ओर से हम देश के नेताओं के लिए दुआ करते है ... आपकी यह पोस्ट भी इस प्रयास मे हमारा साथ दे रही है ... आपको सादर आभार !

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  7. प्रतिभाशाली व्यक्तित्व...परिचय के लिए आभार|

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  8. इस परिचय के बाद स्वयं को बहुत छोटा महसूस कर रहा हूँ.. लेकिन अरुण जी से मिलकर कभी यह अनुभव नहीं हुआ!!!

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    1. जमीन से जुड़े अरुण के व्यक्तित्व की जितनी प्रसंशा की जाए कम होगी ! मुझे विश्वास है कि अरुण चंद्र राय एक दिन प्रकाशान जगत में महत्वपूर्ण आयाम कायम करने में सफल रहेंगे !

      इनका विस्तृत परिचय देने के लिए रश्मि प्रभा जी को साधुवाद !ऐसे व्यक्तित्व के बारे में समाज को बताना, लेखन के प्रति ईमानदार प्रतिबद्धिता है, रश्मि जी का आभार !

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  9. अच्छा लगा अरुणजी का विस्तृत परिचय पाकर .....

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  10. अब समझ आया की अरुण जी छोटे मोटे लोगों को क्यों टरकाते रहते हैं ? अरुण जी के बारे मन परिचय पाकर बहुत अच्छा लगा

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  11. विस्तृत जानकारी अरुण जी के बारे मे...प्रतिभाशाली व्यक्तित्व...परिचय के लिए आभार !

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